जेसीबी का माइलेज कितना होता है?
कोई तय माइलेज नहीं होता, क्योंकि खर्च काम के साथ बदलता है। समतल प्लॉट पर हल्की मिट्टी भरने वाली मशीन बहुत कम डीजल लेती है; वही मशीन दोपहर भर सख्त ज़मीन तोड़े, तो खर्च ऊपरी सिरे पर पहुँच जाता है। DesiMachines पर लिस्ट हुए 51 बैकहो लोडर मॉडल में इंजन की ताकत 47 HP (35 kW) से 100 HP (74.5 kW) तक है, यानी एक ही श्रेणी के अंदर दोगुने से ज़्यादा का फर्क।
इसलिए 4 से 8 लीटर प्रति घंटा को स्पेसिफिकेशन नहीं, अपनी मशीन जाँचने का पैमाना मानें। 49 HP की मशीन हल्के काम पर इस दायरे के नीचे रहती है, 99 HP की लगातार भारी खुदाई पर इससे ऊपर।
माइलेज घंटे में क्यों नापा जाता है, किलोमीटर में क्यों नहीं?
क्योंकि बैकहो लोडर का पैसा चली हुई दूरी से नहीं, हुए काम से बनता है। मशीन दिन भर में दो किलोमीटर चले और फिर भी एक ही जगह नाली खोदते हुए पूरे दिन का डीजल जला दे — यह रोज़ होता है। इसीलिए इस श्रेणी की हर मशीन में ओडोमीटर नहीं, घंटा मीटर लगा होता है, और सर्विस, वारंटी, रीसेल वैल्यू और डीजल सब इसी इकाई में नापे जाते हैं।
खाली खड़ी मशीन भी डीजल पीती है और घंटा मीटर भी बढ़ाती है, जबकि कमाई नहीं होती। चूँकि रीसेल घंटों से तय होता है, बेकार की आइडलिंग दो तरफ से महँगी पड़ती है।
बड़ा इंजन हमेशा ज़्यादा डीजल पीता है?
ज़रूरी नहीं। आराम से चल रहा बड़ा इंजन उस छोटे इंजन से कम पी सकता है जिसे दिन भर पूरे लोड पर घसीटा जा रहा है। नीचे के आँकड़े इन मॉडल के अपने प्रोडक्ट पेज से हैं।
ऊपर की दो मशीनें एक ही 49 HP की हैं, फिर भी डिस्प्लेसमेंट 3.0 L और 4.16 L है — सिर्फ़ हॉर्सपावर से तय नहीं होता कि इंजन कितना पिएगा। टंकी 51 में से 39 मॉडल छापते हैं और वह 60 L से 160 L तक जाती है; सबसे आम 115 L और 128 L। 128 L पर 6 लीटर प्रति घंटा के खर्च से एक टंकी करीब 21 घंटे, यानी आठ घंटे की ढाई शिफ्ट चलती है।
अपनी मशीन का माइलेज खुद कैसे नापें?
टंकी भरवाएँ, आम दिनों की तरह काम करें, फिर दोबारा भरवाएँ और जितना डीजल पड़ा उसे घंटा मीटर के घंटों से भाग दें।
- समतल ज़मीन पर टंकी पूरी भरवाएँ और घंटा मीटर की रीडिंग लिख लें।
- एक हफ़्ता आम काम करें। तरीका न बदलें, वरना आप काम की जगह टेस्ट नाप लेंगे।
- उसी जगह दोबारा पूरी टंकी भरवाएँ और लिखें कि कितने लीटर पड़े और घंटा मीटर कहाँ पहुँचा।
- भाग दें। पड़ा हुआ डीजल ÷ काम के घंटे = आपका लीटर प्रति घंटा।
- हर तीन महीने में दोहराएँ। आँकड़ा ऊपर जाना फिल्टर, इंजेक्टर या हाइड्रॉलिक की गड़बड़ी की पहली चेतावनी है।
मान लीजिए 128 L की टंकी भरवाई, छह दिन काम किया, और दोबारा भरवाने पर 96 लीटर पड़े जबकि घंटा मीटर 18 घंटे आगे बढ़ा। 96 ÷ 18 यानी करीब 5.3 लीटर प्रति घंटा। अब यही आपकी मशीन का पैमाना है।
डीजल खर्च अचानक बढ़ जाए तो क्या समझें?
काम वही रहे और डीजल बढ़ने लगे, तो इंजन उतना ही काम करने के लिए ज़्यादा मेहनत कर रहा है। जाँचने का क्रम यह रखें:
- धूल से चोक एयर फिल्टर — भारतीय साइटों पर सबसे आम वजह, और सबसे सस्ती।
- फ्यूल फिल्टर या इंजेक्टर — साथ में काला धुआँ, मुश्किल स्टार्टिंग या लोड पर ताकत कम होना।
- हाइड्रॉलिक की घिसाई — रिसाव पंप को लगातार चलाता है, और कीमत इंजन चुकाता है।
- घिसे बकेट टीथ, घिसटते ब्रेक या टायर में कम हवा — तीनों दिन भर की रुकावट जोड़ते हैं।
जेसीबी का डीजल खर्च कैसे कम करें?
पहले आइडलिंग रोकें, क्योंकि यह बचत मुफ़्त है। मशीन कुछ मिनट से ज़्यादा खड़ी रहने वाली हो तो इंजन बंद कर दें — अकेले यही आदत महीने का डीजल बिल बदल देती है। इसके बाद एयर फिल्टर साफ़ रखें, क्योंकि चोक फिल्टर इंजन की हवा रोककर बिना ज़्यादा काम के खर्च बढ़ाता है। और मशीन ऐसी जगह खड़ी करें कि घुमाव छोटा रहे और टिप्पर पास हो; कम हरकत का मतलब है हर लोड पर कम डीजल।
आँकड़ा फिर भी ऊँचा रहे, तो वजह ऑपरेटर से ज़्यादा सर्विस में निकलती है। सभी मॉडल बैकहो लोडर कैटेगरी में हैं, और कीमत के लिए जेसीबी (बैकहो लोडर) की कीमत पेज देखें। खरीद पर लगने वाली दर के लिए जेसीबी पर जीएसटी देखें।
आम सवाल
जेसीबी 3DX का माइलेज कितना है?
कंपनी इसका आँकड़ा नहीं छापती। JCB 3DX 49 HP की मशीन है, इसलिए आम कामों पर इसका खर्च 4 से 8 लीटर प्रति घंटा के निचले हिस्से में रहता है।
बैकहो लोडर एक घंटे में कितना डीजल खर्च करता है?
आम भारतीय साइट पर 4 से 8 लीटर प्रति घंटा। हल्की मिट्टी भरने पर कम, सख्त ज़मीन तोड़ने या ब्रेकर चलाने पर ज़्यादा।
जेसीबी की एक फुल टंकी कितनी देर चलती है?
128 L की टंकी पर 6 लीटर प्रति घंटा के खर्च से करीब 21 घंटे। लिस्ट हुए मॉडलों में टंकी 60 L से 160 L तक की होती है।
खाली खड़ी मशीन चालू रखने से डीजल खर्च होता है?
हाँ, और घंटा मीटर भी बढ़ता है जबकि कोई काम नहीं होता। घंटे बढ़ने से रीसेल वैल्यू भी गिरती है।
अपनी मशीन का डीजल खर्च कैसे नापें?
समतल ज़मीन पर टंकी पूरी भरवाएँ, एक हफ़्ता आम काम करें, फिर उसी जगह दोबारा भरवाएँ और पड़े हुए लीटर को बीच के घंटों से भाग दें।
इस पेज पर दिए डीजल खर्च के आँकड़े साइट पर देखे गए आम दायरे हैं, किसी कंपनी की स्पेसिफिकेशन नहीं; असली खर्च मशीन, काम, ज़मीन, मेंटेनेंस और ऑपरेटर के हिसाब से बदलता है। स्पेसिफिकेशन भी सांकेतिक हैं, वेरिएंट, जगह और तारीख के साथ बदलते हैं, और खरीदने का फैसला लेने से पहले कंपनी या अधिकृत डीलर से पक्का कर लेना चाहिए। प्रकाशन के बाद बदल जाने वाली जानकारी के आधार पर लिए गए फैसलों के लिए DesiMachines ज़िम्मेदार नहीं है।
पूरी मॉडल लिस्ट, स्पेसिफिकेशन और कीमत अंग्रेज़ी पेज पर देखें: JCB Mileage and Fuel Consumption।